रोग होने पर नहीं, होने से पहले जागरूक होना सिखाता है आयुर्वेद : डॉ. प्रेम लता
सिटी रिपोर्टर : मधुबनी
07:10:2026
"आयुर्वेद केवल इलाज नहीं, बल्कि जीवन जीने की पद्धति है जो रोग होने से पहले शरीर को बचाना सिखाता है," - डॉ. प्रेम लता ने आयुष ग्राम कार्यक्रम में कहा।
बिस्फी : विद्यापति की धरती बिस्फी के मुरलियाचक में पब्लिक हेल्थ प्रोग्राम अंतर्गत आयुष ग्राम का आयोजन 6 अक्टूबर को किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को अपनी दिनचर्या में आयुर्वेद, योग और औषधीय पौधों को अपनाने के लिए जागरूक करना था।
कार्यक्रम में परसौनी और नहास पंचायत के जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। शिविर में लगभग 200 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर मुफ्त दवा वितरित की गई। विशेष योग सत्र में उपस्थित लोगों को प्राणायाम एवं योगाभ्यास कराया गया और बताया गया कि नियमित योग से इम्यूनिटी बढ़ती है।
आयुर्वेद को रसोई तक पहुंचाने के लिए 50 महिलाओं को किचन गार्डन किट वितरित की गई, ताकि वे घर में ही तुलसी, गिलोय, अश्वगंधा जैसे औषधीय पौधे उगा सकें। जनप्रतिनिधियों को औषधीय पौधा देकर सम्मानित किया गया तथा परिसर में वृक्षारोपण भी किया गया।
मौके पर डॉ. राधा-कृष्ण झा, डॉ. दीपक, डॉ. आरती, डॉ. मनोज, डॉ. योगेश, डॉ. उषा, डॉ. जय ओम, डॉ. जावेद, डॉ. ओंकार नाथ झा, डॉ. एम. हक, डॉ. कौशलेश सिंह, हेमंत कुमार झा, रामश्रिष्ट भगत सहित सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित थे।


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